शारदा विश्वविद्यालय ने ‘इनोवेट भारत हैकाथॉन 2026’ का किया सफल आयोजन

ग्रेटर नोएडा :शारदा विश्वविद्यालय के शारदा स्कूल ऑफ कंप्यूटिंग साइंस एंड इंजीनियरिंग द्वारा आयोजित ‘इनोवेट भारत हैकाथॉन 2026’। “आज नवाचार, कल का सतत भविष्य” थीम पर आधारित इस प्रतिष्ठित आयोजन ने देशभर के प्रतिभाशाली युवाओं को एक मंच प्रदान किया, जहां उन्होंने तकनीकी नवाचार, रचनात्मकता और बहु-विषयक सहयोग का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
इस राष्ट्रीय स्तर के हैकाथॉन में देश के लगभग 15 राज्यों से 300 से अधिक टीमों ने भाग लिया। प्रारंभिक चरण में 16 से 18 मार्च 2026 के बीच ऑनलाइन आइडिया सबमिशन और तकनीकी मूल्यांकन के बाद शीर्ष 100 टीमों को ग्रैंड फिनाले के लिए चुना गया। 10–11 अप्रैल को आयोजित 24 घंटे के इस मैराथन हैकाथॉन में प्रतिभागियों ने विचार, विकास और प्रस्तुति के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।इस आयोजन में जामिया मिलिया इस्लामिया, एमिटी यूनिवर्सिटी मोहाली, एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी, आईआईएलएम यूनिवर्सिटी तथा अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों के छात्रों ने भाग लेकर इसे राष्ट्रीय स्तर का नवाचार मंच बना दिया। ग्रैंड फिनाले का उद्घाटन 10 अप्रैल को विश्वविद्यालय के वरिष्ठ नेतृत्व एवं शिक्षाविदों की गरिमामयी उपस्थिति में किया गया। आयोजन के दौरान प्रतिभागियों को विशेषज्ञों, मेंटर्स और उद्योग विशेषज्ञों का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ, जिससे उनकी तकनीकी समझ और व्यावहारिक कौशल में वृद्धि हुई।

हैकाथॉन में छह प्रमुख विषयों—एआई एवं इंटेलिजेंट सिस्टम, वेब एवं सॉफ्टवेयर नवाचार, साइबर सुरक्षा एवं ब्लॉकचेन, डेटा साइंस एवं स्मार्ट एनालिटिक्स, सोशल इम्पैक्ट समाधान तथा स्कूल छात्र नवाचार—पर आधारित चुनौतियों को शामिल किया गया। इन विषयों ने प्रतिभागियों को समाज और राष्ट्र की आवश्यकताओं के अनुरूप समाधान विकसित करने के लिए प्रेरित किया। आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में प्रथम पुरस्कार ₹1,00,000 एमआईटी वर्ल्ड पीस यूनिवर्सिटी की टीम SSIS108 को उनके प्रोजेक्ट “भारत में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का लोकतंत्रीकरण” के लिए प्रदान किया गया। द्वितीय पुरस्कार ₹50,000 शारदा विश्वविद्यालय की टीम AIIS137 को “एजेंट मिस्टे” के लिए मिला, जबकि तृतीय पुरस्कार ₹25,000 विवेकानंद इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज़ की टीम SSIS131 को प्रदान किया गया।
इसके अतिरिक्त विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली टीमों को सांत्वना पुरस्कार भी प्रदान किए गए। विशेष रूप से स्कूल छात्र नवाचार श्रेणी में स्टेप अप स्कूल की टीम को सम्मानित किया गया।इस आयोजन की सफलता में छात्र समन्वयकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिन्होंने पंजीकरण, लॉजिस्टिक्स और प्रतिभागियों के समन्वय जैसे कार्यों को कुशलतापूर्वक संभाला। इनोवेट भारत हैकाथॉन 2026 ने एक बार फिर शारदा विश्वविद्यालय की नवाचार, उद्यमिता और वास्तविक समस्याओं के समाधान के प्रति प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से प्रदर्शित किया।
शारदा यूनिवर्सिटी के वाइस-चांसलर डॉ. सिबाराम खारा ने कहा कि “इनोवेट भारत हैकाथॉन 2026 जैसे मंच विद्यार्थियों को केवल तकनीकी समाधान विकसित करने का अवसर ही नहीं देते, बल्कि उन्हें समाज की वास्तविक समस्याओं से जोड़कर नवाचार की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं। शारदा विश्वविद्यालय सदैव ऐसे प्रयासों को प्रोत्साहित करता रहेगा, जो ‘आत्मनिर्भर भारत’ और सतत विकास के लक्ष्य को मजबूत करें।”
कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के एच.ओ.डी. डॉ. सुदीप कुमार वार्ष्णेय ने कहा:* “यह हैकाथॉन विद्यार्थियों की रचनात्मकता, तकनीकी दक्षता और टीमवर्क का उत्कृष्ट उदाहरण है। 24 घंटे की इस चुनौतीपूर्ण प्रक्रिया में जिस प्रकार प्रतिभागियों ने नवाचार-आधारित समाधान प्रस्तुत किए हैं, वह भविष्य के भारत के लिए अत्यंत प्रेरणादायक है।
इस कार्यक्रम के दौरान प्रो. (डॉ.) परमा नंद (प्रो-वाइस चांसलर), प्रो. (डॉ.) गीता गणेशन (डीन, एसएससीएसई), डॉ. रजनीश कुमार सिंह (एचओडी–सीएसए), (डॉ.) संदीप गुप्ता, डॉ. पुष्पेन्द्र कुमार रजपूत, प्रो. (डॉ.) जयनत शेखर, प्रो. (डॉ.) अंबुज अग्रवाल, श्री आशीष जैन, डॉ. गौरव राज, डॉ. अमृत कुमार अग्रवाल, डॉ. रानी अस्त्या सहित सभी विभागों के डीन, फैकल्टी मेंबर्स, स्टाफ, स्टूडेंट्स आदि मौजूद रहे।






