लक्ष्मण शक्ति पर राम विलाप देख दर्शकों की आंखें हुईं नम
कालनेमी वध , कुंभकरण वध लीला के साथ हुआ लीला विराम

औरंगाबाद (बुलंदशहर)औरंगाबाद में चल रही रामलीला में रविवार को लक्ष्मण शक्ति और लक्ष्मण को मूर्छित देख राम जी के करुण क्रंदन को देख दर्शकों की आंखों में आसूं उमड़ पड़े। हनुमान जी द्वारा संजीवनी बूटी लाकर लक्ष्मण की प्राण रक्षा से समूचे पंडाल में जय श्री राम जय हनुमान के गगन भेदी नारे गूंज उठे।

लीला का शुभारंभ भाजपा नेता सारांश मिश्रा ने किया। आयोजकों ने आगंतुक अतिथियों को अंगवस्त्र पहना कर स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
मुख्य अतिथि ने रामलीला मंचन कर रहे सभी कलाकारों और सहयोगियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया और चरण स्पर्श कर आशिर्वाद प्राप्त किया।
आयोजकों ने कस्बे के प्रमुख व्यापारी मोहित सिंघल को प्रमुख सहयोगी होने के चलते स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
रामलीला अभिनय मंडल के तत्वावधान में स्थानीय कलाकारों ने मेघनाद लक्ष्मण युद्ध और मेघनाद द्वारा लक्ष्मण जी को शक्ति बाण मारकर गहन मूर्छित कर देने की लीला का प्रभावशाली मंचन किया। लक्ष्मण शक्ति और रामविलाप देख दर्शक व्याकुल हो उठे और उनकी आंखों में आंसू झलक पड़े। वैद्य सुषेण द्वारा संजीवनी बूटी मंगाने, हनुमान जी द्वारा कालनेमी का वध कर भरत मिलाप के बाद संजीवनी बूटी लाने और उससे लक्ष्मण की प्राण रक्षा होने तथा कुंभकरण वध के साथ लीला को विराम दिया गया।
निखिल एंड रोहित ग्रुप हापुड़ द्वारा प्रस्तुत मां दुर्गा झांकियां देख दर्शक भाव विभोर हो उठे।
हनुमान जी के किरदार को नितिन सिंघल ने जीवंत कर भरपूर वाहवाही बटोरी।राम का रोल अनुज सिंघल ने लक्ष्मण का विशाल कंसल ने, कालनेमी का चेतन कंसल ने और कुंभकरण का गौरव गोयल ने कर खासा प्रभावित किया।
अध्यक्ष योगेश कुमार अग्रवाल दीपक अग्रवाल दीनू राजेश गर्ग टीनू ध्रुव कुमार सिंघल, डायरेक्टर पुनीत कुमार सिंघल राजेश गोयल नवनीत गुप्ता सचिन अग्रवाल ने व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग किया। मनोज कुमार गुप्ता ने मंच संचालन किया। व्यास जी दयानंद प्रजापति रहे।
रिपोर्टर राजेंद्र अग्रवाल






