ग्रेटर नोएडा

ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे के उपलक्ष्य में जी डी गोयनका पब्लिक स्कूल में हुई विशेष प्रार्थना सभा आयोजित

ग्रेटर नोएडा:बच्चों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता विकसित करने तथा हाथ धोने की सही आदतों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से जी डी गोयनका पब्लिक स्कूल, ग्रेटर नोएडा में 21 अक्टूबर 2026 को ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे के उपलक्ष्य में एक विशेष प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया। इस विशेष सभा में प्री-नर्सरी एवं नर्सरी के नन्हे विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विभिन्न रोचक एवं शिक्षाप्रद गतिविधियों के माध्यम से व्यक्तिगत स्वच्छता तथा हाथ धोने के महत्व को प्रस्तुत किया।

विशेष प्रार्थना सभा का मुख्य उद्देश्य बच्चों को सरल एवं मनोरंजक तरीके से यह समझाना था कि स्वच्छ हाथ अच्छे स्वास्थ्य की पहली सीढ़ी हैं। नन्हे विद्यार्थियों ने अपनी सहभागिता के माध्यम से बताया कि भोजन करने से पहले, शौचालय के उपयोग के बाद, बाहर खेलकर आने पर तथा हाथ गंदे होने पर साबुन और पानी से हाथ धोना अत्यंत आवश्यक है। इस प्रकार बच्चों को दैनिक जीवन में स्वच्छता की अच्छी आदतें अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।

ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे प्रत्येक वर्ष 15 अक्टूबर को मनाया जाता है। इस दिवस का मुख्य उद्देश्य साबुन से हाथ धोने के महत्व के प्रति लोगों को जागरूक करना तथा हाथों की स्वच्छता को दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाना है। हाथों की उचित सफाई से कई संक्रमणों और बीमारियों के फैलने के जोखिम को कम करने में सहायता मिलती है। विशेष रूप से छोटे बच्चों के लिए यह आदत अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि वे खेलकूद और विभिन्न गतिविधियों के दौरान अनेक वस्तुओं एवं सतहों के संपर्क में आते हैं।

सभा के दौरान विद्यार्थियों को हाथ धोने की सही प्रक्रिया से परिचित कराने पर विशेष जोर दिया गया। बच्चों को समझाया गया कि केवल हाथों पर पानी डालना पर्याप्त नहीं है, बल्कि साबुन लगाकर हथेलियों, हाथों के पीछे के हिस्से, उँगलियों के बीच, नाखूनों के आसपास और अंगूठों को अच्छी तरह साफ करना भी आवश्यक है। इसके साथ ही हाथों को साफ पानी से धोकर स्वच्छ तरीके से सुखाने की आदत के महत्व को भी रेखांकित किया गया।

विद्यालय में इस प्रकार की विशेष प्रार्थना सभाओं का आयोजन बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। कम उम्र में सीखी गई स्वच्छता संबंधी आदतें बच्चों को स्वस्थ, अनुशासित एवं जिम्मेदार बनने में सहायता करती हैं। विद्यालय का वातावरण बच्चों को सामूहिक रूप से सीखने, अच्छी आदतों को अपनाने तथा उन्हें अपने घर और परिवार तक पहुँचाने का अवसर प्रदान करता है। ऐसी गतिविधियाँ पुस्तकीय ज्ञान को व्यावहारिक जीवन से जोड़ते हुए बच्चों में स्वास्थ्य, स्वच्छता और आत्म-देखभाल के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करती हैं।

ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे के उपलक्ष्य में 21 अक्टूबर को आयोजित इस विशेष प्रार्थना सभा ने नन्हे विद्यार्थियों को यह संदेश दिया कि स्वच्छता केवल एक आदत नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा है। प्री-नर्सरी एवं नर्सरी के बच्चों की उत्साहपूर्ण सहभागिता ने कार्यक्रम को आनंदमय, ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक बना दिया।

इस आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को यह सीख मिली कि साबुन और पानी से सही तरीके से हाथ धोना स्वयं को तथा दूसरों को स्वस्थ रखने की दिशा में एक छोटा, लेकिन महत्वपूर्ण कदम है। विद्यालय की ऐसी पहल बच्चों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता विकसित करने और उन्हें बचपन से ही स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करने में सहायक है।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!