गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में वित्तीय साक्षरता एवं धन सृजन पर कार्यशाला का आयोजन

ग्रेटर नोएडा:गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा में वित्तीय साक्षरता एवं धन सृजन विषय पर एक कार्यशाला का आयोजन 25 सितंबर 2026 को किया गया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में वित्तीय जागरूकता बढ़ाना तथा निवेश एवं दीर्घकालिक धन सृजन की रणनीतियों की व्यावहारिक समझ विकसित करना था।
कार्यशाला में 100 से अधिक प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। विद्यार्थियों एवं प्रतिभागियों में व्यक्तिगत वित्त, निवेश नियोजन, जोखिम प्रबंधन तथा दीर्घकालिक धन सृजन के प्रति विशेष रुचि देखने को मिली।
कार्यशाला का संचालन सुश्री हिमानी लाठ, सेबी स्मार्ट ट्रेनर द्वारा किया गया। उन्होंने प्रतिभागियों को वित्तीय साक्षरता, निवेश नियोजन, जोखिम जागरूकता तथा सूझ-बूझ के साथ वित्तीय निर्णय लेने के संबंध में महत्वपूर्ण एवं व्यावहारिक जानकारी प्रदान की। कार्यशाला में वित्तीय नियोजन की मूल अवधारणाओं तथा बचत एवं निवेश के प्रति अनुशासित दृष्टिकोण विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया।
इस कार्यक्रम का आयोजन डॉ. वर्षा दीक्षित, सहायक आचार्य, स्कूल ऑफ मैनेजमेंट, गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय द्वारा किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. सुभोजित बनर्जी, विभागाध्यक्ष, स्कूल ऑफ मैनेजमेंट के अकादमिक नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में हुआ। साथ ही, डॉ. इंदु उप्रेती, अधिष्ठाता , स्कूल ऑफ मैनेजमेंट, गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय का महत्वपूर्ण मार्गदर्शन एवं सहयोग प्राप्त हुआ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संकाय सदस्यों ने युवाओं के लिए वित्तीय साक्षरता के महत्व पर प्रकाश डाला तथा विद्यार्थियों को प्रारंभिक अवस्था से ही बचत, निवेश और वित्तीय अनुशासन की स्वस्थ आदतें विकसित करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यशाला के अंत में एक इंटरैक्टिव सत्र आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने वक्ता के साथ सक्रिय संवाद किया तथा निवेश, वित्तीय नियोजन और धन सृजन से संबंधित विभिन्न विषयों पर अपने प्रश्न एवं विचार साझा किए।
कार्यक्रम ने निम्न संदेश को विशेष रूप से रेखांकित किया:
“सीखें | योजना बनाएं | सुरक्षित भविष्य का निर्माण करें”
स्कूल ऑफ मैनेजमेंट ने कार्यशाला के सफल आयोजन में योगदान देने के लिए डॉ. वर्षा दीक्षित ने डॉ. सुभोजित बनर्जी, डॉ. इंदु उप्रेती तथा कार्यक्रम से जुड़े सभी सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया।






