स्वास्थ्य विभाग ने मारा क्लीनिक पर छापा
झोलाछाप डॉक्टरों क्लीनिक संचालकों में मचा हड़कंप ,क्लीनिक संचालक को नोटिस जारी

औरंगाबाद( बुलंदशहर )स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कस्बे में एक क्लीनिक पर पहुंचकर डाक्टरी अभिलेखों की जांच पड़ताल की। क्लीनिक संचालक कोई वैध चिकित्सीय प्रमाणपत्र दिखाने में असमर्थ रहा। स्वास्थ्य विभाग की छापामार कार्रवाई की भनक लगते ही अनेक झोलाछाप डॉक्टरों में हड़कंप मच गया और वो क्लीनिक पर ताला लगा खिसक लिए। स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि क्लीनिक संचालक को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। अनियमितता पाए जाने पर कठोर कार्रवाई होगी।
स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ सचिन भाटी ने शनिवार को भावसी रोड़ पर स्थित रिफाह क्लीनिक पर पहुंचकर जांच पड़ताल शुरू की। मौके पर मौजूद डॉ जाकिर से चिकित्सा प्रमाण पत्र तलब किए गए। बताया जाता है कि क्लीनिक डॉ नसरीन सुल्ताना के नाम पर संचालित किया जा रहा है। जबकि सारा चिकित्सा कार्य डॉ जाकिर द्वारा ही किया जाता है।
स्वास्थ्य विभाग की इस छापामार कार्रवाई की सूचना कस्बे में जंगल की आग की भांति फैल गई और तमाम झोलाछाप डॉक्टरों पैथालॉजी लैब एक्स-रे क्लीनिक आदि के संचालकों में हड़कंप मच गया और अधिकांश झोलाछाप ताले डालकर खिसक लिए।
स्वास्थ्य अधिकारी डॉ सचिन भाटी ने बताया कि सी एम ओ से हुई एक शिकायत के आधार पर उक्त क्लीनिक पर जांच पड़ताल की गई थी। क्लीनिक पर डा जाकिर मौजूद मिले। जिस डॉक्टर नसरीन सुल्ताना के नाम पर क्लीनिक का रजिस्ट्रेशन कराया बताया गया वह मौजूद नहीं मिलीं। क्लीनिक संचालक को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी,
रिपोर्टर-राजेंद्रअग्रवाल






