डायट दनकौर में लैब स्कूल के प्रधानाध्यापकों हेतु एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन

दनकौर (गौतम बुद्ध नगर)राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद, उत्तर प्रदेश के दिशा-निर्देशों के क्रम में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), दनकौर, गौतम बुद्ध नगर में डायट स्तर से चयनित लैब स्कूलों के प्रधानाध्यापकों हेतु एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला के लिए डायट से लगभग 10 किलोमीटर की परिधि में स्थित 10 विद्यालयों का चयन लैब स्कूल के रूप में किया गया। चयनित विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों ने कार्यशाला में प्रतिभाग किया।
कार्यशाला में नोडल अधिकारी श्री संदीप कुमार एवं सह-नोडल अधिकारी डॉ. रेनू राइटर द्वारा लैब स्कूल के मॉडल, उद्देश्य एवं कार्यप्रणाली के संबंध में विस्तृत प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण के दौरान लैब स्कूल के अंतर्गत अब तक किए गए कार्यों एवं गतिविधियों को प्रस्तुत किया गया तथा विद्यालयों में शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया को प्रभावी बनाने के लिए विभिन्न टी.एल.एम. (Teaching Learning Material) का प्रदर्शन किया गया।
इसके साथ ही विज्ञान एवं गणित विषय से संबंधित विभिन्न प्रयोगों का प्रदर्शन एवं साझा किया गया, जिससे प्रधानाध्यापकों को गतिविधि एवं प्रयोग आधारित शिक्षण को विद्यालय स्तर पर प्रभावी रूप से लागू करने की जानकारी प्राप्त हुई।
कार्यशाला के सफल आयोजन एवं लैब स्कूलों को आवश्यक सहयोग प्रदान करने में डायट प्रवक्ता श्रीमती रीना भारतीय, श्री धनराज सिंह, श्री भोला कुमार, श्री राजेश खन्ना एवं श्री भूपेंद्र सिंह की सक्रिय सहभागिता रही। इसके अतिरिक्त डॉ. अर्चना रवि एवं श्रीमती निधि त्यागी ने भी कार्यशाला में प्रतिभाग कर कार्यक्रम को सहयोग प्रदान किया।
कार्यशाला में प्रधानाध्यापकों के साथ आगामी कार्ययोजना, विद्यालयों में लैब स्कूल की अवधारणा को प्रभावी रूप से लागू करने तथा डी.एल.एड. प्रशिक्षुओं की आगामी इंटर्नशिप के दौरान उनके शैक्षिक अनुभव एवं कार्यों को बेहतर बनाने के संबंध में भी विस्तृत चर्चा की गई। प्रधानाध्यापकों को प्रशिक्षुओं को आवश्यक मार्गदर्शन, सहयोग एवं दिशा-निर्देशन प्रदान करने के लिए प्रेरित किया गया, ताकि इंटर्नशिप के दौरान शिक्षण कार्य को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके।
कार्यशाला के समापन अवसर पर आदरणीय प्राचार्य महोदया के दिशा-निर्देशन के क्रम में वरिष्ठ प्रवक्ता श्री अनिल कुमार द्वारा प्रतिभागी सभी प्रधानाध्यापकों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।
समापन सत्र में श्री संदीप कुमार द्वारा सभी प्रधानाध्यापकों को भविष्य में लैब स्कूल से संबंधित गतिविधियों को निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप संचालित करने तथा विद्यालयों में नवाचार, प्रयोगात्मक शिक्षण एवं प्रभावी शिक्षण-अधिगम वातावरण विकसित करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।
कार्यशाला का उद्देश्य चयनित लैब स्कूलों को प्रशिक्षण, नवाचार, प्रयोगात्मक शिक्षण एवं डी.एल.एड. प्रशिक्षुओं की इंटर्नशिप के लिए प्रभावी मॉडल विद्यालय के रूप में विकसित करना रहा। कार्यशाला में प्रतिभागी प्रधानाध्यापकों ने भविष्य में लैब स्कूल की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए सक्रिय सहभागिता एवं सहयोग का आश्वासन दिया।






