गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में 2 सितंबर को होगा पवित्र बोधि वृक्ष का रोपण समारोह

ग्रेटर नोएडा:गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा के परिसर में 2 सितंबर 2026 को पवित्र बोधि वृक्ष रोपण समारोह का आयोजन किया जाएगा। यह महत्वपूर्ण कार्यक्रम म्यांमार बौद्ध संघ एवं भिक्षुणियों तथा स्कूल ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज एंड सिविलाइजेशन , गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया जा रहा है।
बौद्ध परंपरा में बोधि वृक्ष का अत्यंत पवित्र और आध्यात्मिक महत्व है। यह वही वृक्ष है जिसके नीचे सिद्धार्थ ( गौतम बुद्ध) ने ज्ञान प्राप्त कर बुद्धत्व प्राप्त किया था। विश्वविद्यालय परिसर में बोधि वृक्ष का रोपण केवल एक पौधा लगाने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि ज्ञान, करुणा, शांति, सजगता, प्रकृति के प्रति सम्मान और मानवीय सद्भाव के मूल्यों को आत्मसात करने का एक सार्थक प्रयास है।
स्कूल ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज एंड सिविलाइजेशन के डीन प्रो. राजीव वर्ष्णेय ने कहा कि गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय में बोधि वृक्ष का रोपण बौद्ध दर्शन और भारतीय ज्ञान परंपरा की जीवंत विरासत को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा, “बोधि वृक्ष केवल एक वृक्ष नहीं, बल्कि प्रज्ञा, करुणा और शांति का प्रतीक है। विश्वविद्यालय परिसर में इसकी स्थापना विद्यार्थियों और शोधार्थियों को भगवान बुद्ध के शांति, अहिंसा, करुणा और मानव कल्याण के संदेश से निरंतर जोड़ने का कार्य करेगी। यह पहल विश्वविद्यालय की वैश्विक बौद्ध अध्ययन एवं शांति शिक्षा की प्रतिबद्धता को भी और मजबूत करेगी।”
इस अवसर पर अंतरराष्ट्रीय मामलों के निदेशक एवं स्कूल ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज एंड सिविलाइजेशन के प्रमुख डॉ. चिंतला वेंकट साई शिवसाई ने बताया समारोह में बौद्ध मंत्रोच्चार, भूमि पूजन एवं आशीर्वाद, बोधि वृक्ष का रोपण, औपचारिक जल अर्पण, शांति ध्यान तथा विशिष्ट अतिथियों के संबोधन सहित विभिन्न आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
डॉ. साई शिवसाई ने कहा कि यह पहल गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय की बौद्ध विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन, शांति शिक्षा, पर्यावरणीय जागरूकता तथा सतत जीवनशैली को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। विश्वविद्यालय परिसर में स्थापित होने वाला बोधि वृक्ष ज्ञान, प्रज्ञा और वैश्विक शांति का जीवंत प्रतीक बनेगा। यह वृक्ष भविष्य में विद्यार्थियों, शोधार्थियों, शिक्षकों, अंतरराष्ट्रीय आगंतुकों तथा व्यापक समाज के लिए प्रेरणा, चिंतन और आत्ममंथन का केंद्र बनने की उम्मीद है।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर विश्वविद्यालय के अधिकारी, विशिष्ट अतिथि, बौद्ध भिक्षु एवं भिक्षुणियां, बौद्ध अध्ययन के विद्वान, शिक्षक, शोधार्थी, विद्यार्थी तथा विश्वविद्यालय समुदाय के अन्य सदस्य उपस्थित रहेंगे।
स्कूल ऑफ बुद्धिस्ट स्टडीज एंड सिविलाइजेशन ने विश्वविद्यालय परिवार एवं सभी विशिष्ट अतिथियों से इस महत्वपूर्ण अवसर में सहभागी बनने का आह्वान किया है। यह समारोह सभी के लिए ज्ञान, शांति, करुणा तथा समस्त प्राणियों के कल्याण की सामूहिक मंगलकामना का अवसर होगा।






