क्या हरा चारा घोटाले पर पर्दा उठा पाएंगे नामित सभासद?
सात सदस्यीय समिति बनाये जाने की घोषणा

औरंगाबाद (बुलंदशहर )नगर पंचायत औरंगाबाद में कान्हा गौशाला में हरा चारा गौवंश को समुचित मात्रा में उपलब्ध नहीं होता जबकि हरे चारे के अनाप-शनाप फर्जी बिलों के सहारे हर माह मोटी रकम हड़प ली जाती है। नामित सभासदों के शपथ ग्रहण समारोह में हरा चारा घोटाले का मुद्दा उठाया गया था। प्रश्न यह है कि क्या नामित सभासद इस घोटाले का पर्दाफाश करने में सफल हो पाते हैं या फिर पूर्व की भांति इस घोटाले पर पर्दा डाल मामला रफा-दफा कर दिया जाएगा।
पिछले दिनों कान्हा गौशाला में दो गायों की अकाल मृत्यु और उनके शवों को बिना पोस्टमार्टम कराये ठिकाने लगा दिये जाने पर यह तथ्य सामने आया था कि गौशाला में गौवंशों को पर्याप्त मात्रा में हरा चारा नहीं दिया जाता जबकि हरे चारे के बिल हर महीने लाखों रुपए के लगाकर उनका भुगतान किया जाता रहा है। सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे इस उद्देश्य से कि गौशाला में आने वाले सभी सामान की पुष्टि आनलाइन संभव हो सके लेकिन घोटाले बाजों ने मुख्य द्वार के समीप लगे सीसीटीवी कैमरे फेल कर दिए अथवा करा दिये। जब निगरानी ही संभव नहीं तो जितने बिल दर्ज कर दो कोई कुछ बिगाड़ पायेगा इसकी संभावना दूर दूर तक संभव नहीं।
नगर पंचायत के केयर टेकर जो कि नगर पंचायत के ही कर्मचारी हैं उनकी क्या बिसात कि वो नगर पंचायत के सर्वेसर्वाओं की कारगुजारियों के खिलाफ चुं चपड भी कर सकें मूंह खोलने का तो प्रश्न ही नहीं उठता है। पूर्व चेयरमैन राजकुमार लोधी ने शपथ ग्रहण समारोह में गौ शाला में चल रहे खेल की चर्चा करते हुए कहा था कि वो भृष्टाचार नहीं होने देंगे। हर घोटाले पर से पर्दा उठाया जायेगा। यहां फर्जी कर्मचारियों की तैनाती और उनके नाम पर लाखों की रकम डकार लिए जाने का घोटाला, डीजल पेट्रोल खरीद में बे हिसाब लाखों रुपए महीने की धांधली और सरकारी जमीनों पर नगरपंचायत द्वारा नक्शे पास करके मोटी रकम वसूल करने जैसे मामले भी उजागर हुए लेकिन जन प्रतिनिधियों और अपने आकाओं के संरक्षण के सहारे सब को दबा दिया गया। देखना दिलचस्प होगा कि नामित सभासद जो कि भाजपा के सक्रिय सदस्य भी हैं क्या अपनी उपयोगिता साबित कर पायेंगे अथवा घोटाले बाज नगर पंचायत के राजस्व को पूर्ववत चूना लगाते रहेंगे।
हालांकि अधिशासी अधिकारी सेवा राम राजभर ने गौशाला की व्यवस्था संतोषजनक और जबाबदेह बनाने के लिए सात सदस्यीय समिति गठित करने की घोषणा की है। नवगठित समिति निरीह गौ वंश के लिए कुछ सार्थक कदम उठा पायेगी अथवा गौ शाला पुराने नक्शे कदम पर ही चलती रहेगी यह वक्त ही बता पायेगा।
रिपोर्टर राजेंद्र अग्रवाल






