डाइट में प्रधानाध्यापकों एवं प्रधानाचार्याेँ हेतु आयोजित दक्ष प्रशिक्षण 2026-27 का त्रिदिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक हुआ संपन्न

दनकौर:जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), गौतम बुद्ध नगर में जनपद के इंटर कॉलेज (माध्यमिक विद्यालयों) के प्रधानाध्यापकों एवं प्रधानाचार्याेँ हेतु आयोजित दक्ष प्रशिक्षण 2026-27 का त्रिदिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। प्रशिक्षण का उद्देश्य प्रधानाध्यापकों एवं प्रधानाचार्याे को शैक्षिक नेतृत्व, विद्यालय प्रबंधन, मानसिक स्वास्थ्य, सामुदायिक सहभागिता तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के प्रभावी क्रियान्वयन एवं राष्ट्रीय सर्वे के परीणामों के विश्लेषण हेतु दक्ष बनाना था।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में सन्दर्भदाता के रूप में श्री नियाज़ वारिस वारसी, श्रीमती अर्चना पाण्डेय, श्रीमती नीता सिंह, श्री वेद प्रकाश मौर्या, श्री धनराज सिंह, श्री राजेश खन्ना एवं श्री भूपेंद्र सिंह ने प्रधानाध्यापक एवं प्रधानाचार्यों के विद्यालय दायित्व, अंतर्विभागीय समन्वय में प्रधानाध्यापक के विद्यालय में समावेशी संस्कृति का विकास, प्रधानाध्यापक की शैक्षिक दायित्व, वित्तीय दायित्व, राष्ट्रीय सर्वे के परीणाम विश्लेषण, सामुदायिक दायित्व जन जागरूकता, मानसिक स्वास्थ्य एवं वेलबीइंग तथा मानसिक समस्याओं के प्रकार एवं परामर्श और प्रबंध तकनीकी पर प्रभावी सत्र का संचालन किया गया। बाह्य विशेषज्ञ डॉ संगीत शर्मा ने तनाव प्रबंधन एवं न्यूरोलिंग्विस्टिक प्रोग्रामिंग के माध्यम सें माइंड सेट परिवर्तन पर चर्चा की, श्रीमती निधि ने चेयर योगा का सत्र लिया l
प्रशिक्षण नोडल श्री नियाज वारिस वारसी के द्वारा बताया गया कि आदरणीय प्रचार्य मैम की दिशा निर्देश में ,वरिष्ठ प्रवक्ता सर के मार्गदर्शन से और सभी सन्दर्भदाता एवं डायट के समस्त संकाय सदस्यों के सहयोग से प्रशिक्षण को प्रभावी एवं सफलता पूर्वक पुर्ण कराया गया जिसकी सराहना समस्त प्रतियोगियों द्वारा किया गया ।
वरिष्ठ प्रवक्ता श्री अनिल कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त अनुभव गतिविधियों एवं नवीन शैक्षिक दृष्टिकोण तथा मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता केवल प्रशिक्षण कक्ष तक सीमित ना रहे इसे आप अपने विद्यालय में लागू करें। जिला विद्यालय निरीक्षक ने सबको NEP 2020 के अनुशंसाओं के अनुरूप एक शैक्षिक नेतृत्व कर्ता के रूप में विद्यालय में नवाचार के प्रचलन को बढ़ावा देने की बात की l
समापन अवसर पर डायट प्राचार्य एवं उप शिक्षा निदेशक श्रीमती अर्चना गुप्ता ने प्रेरक संबोधन में कहा कि प्रशिक्षण का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा जब इस प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान कौशल को अपने विद्यालय में व्यावहारिक रूप से लागू करेंगे तथा इसको अपने शिक्षकों के साथ साझा करेंगे । उन्होंने सभी प्रधानाध्यापकों एवं प्रधानाचार्य को दक्ष प्रधानाध्यापक एवं प्रधानाचार्य बनने एवं विद्यालय सकारात्मक वातावरण बनाने का आह्वान किया। इस अवसर पर सुश्री दीक्षा एवं अर्चना आर्य ने भी समय-समय उपस्थित रहते हुए सहयोग प्रदान किया l






