ईदगाह के समीप सोर भूमि पर अवैध कब्जा
औरंगाबाद में भूमाफियाओं पर नहीं कोई अंकुश, आखिर किसकी शह पर हो रहे हैं दे दनादन अवैध कब्जे?

औरंगाबाद (बुलंदशहर )औरंगाबाद कस्बे में भूमाफियाओं ने महत्वपूर्ण ईदगाह के समीप सोर भूमि पर कब्जा कर मकान खड़ा कर लिया। आंखों पर भृष्टाचार का काला चश्मा लगा कानों में मोटी कमाई का तेल डालकर सोये नगरपंचायत के सर्वेसर्वाओं का ध्यान दिलाये जाने पर जांच पड़ताल कराकर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई करने का कोरा आश्वासन देकर पीछा छुड़ा लिया गया। राजस्व विभाग ने गैंद नगर पंचायत के पाले में डाल हाथ खड़े कर लिए।

औरंगाबाद में ईदगाह के समीप सोर भूमि पर अवैध कब्जा कर रातों रात मकान खड़ा कर दिये जाने का मामला प्रकाश में आया है। जानकार बताते हैं कि ईदगाह के समीप सोर भूमि पर भूमाफिया धड़ल्ले से अवैध कब्जे करने में मशगूल हैं। नगर पंचायत के सर्वेसर्वाओं की शह पर किये जाने वाले अवैध कब्जे शासन प्रशासन के कड़क तेवरों के बाबजूद रोके नहीं रुक रहे। हाल फिलहाल ईदगाह के समीप सोर भूमि पर कब्जा कर एक मकान हाल ही में खड़ा कर लिया गया है। ईद की नमाज के दौरान व्यवस्था बनाए रखने हेतु पहुंचे नायब तहसीलदार कानूनगो और नगरपंचायत कर्मचारियों का ध्यान उक्त नवनिर्मित मकान की ओर दिलाया गया तो उन्होने एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगाने शुरू कर दिए। नगर पंचायत भू संपत्ति लिपिक नेमपाल सिंह ने मकान खड़ा होने की पूर्व जानकारी अथवा नक्शा नगर पंचायत कार्यालय से पास कराये जाने से इंकार कर दिया। राजस्व विभाग के अधिकारियों ने मामला नगर पंचायत के कार्य क्षेत्र अंतर्गत बताया तथा कहा कि पैमाइश कराने का आवेदन मिलने पर राजस्व विभाग पैमाइश कराने के लिए तैयार है।
अधिशासी अधिकारी सेवा राम राजभर ने मामले की जानकारी से अनभिज्ञता जताते हुए कहा कि मौके पर नगर पंचायत की टीम भेजकर जांच पड़ताल कराकर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई कराई जाएगी।
गौरतलब है कि ईदगाह रोड पर वर्तमान में लगभग सारी पंचायती जमीनों पर भूमाफियाओं ने कब्जा कर रखा है। उन्होने सरकारी संपत्ति चिंहित कर नगरपंचायत द्वारा लगवाये गये चेतावनी बोर्ड तक जबरन उखाड़कर गायब कर दिए। यही नहीं एक मकान पर नगरपंचायत द्वारा यह मकान सरकारी जमीन पर बना हुआ है लिखवाया गया है जबकि वह मकान प्रधानमंत्री आवास योजना में खुद नगर पंचायत के सर्वेसर्वाओं द्वारा स्वीकृत कर सरकारी धन आवंटित कर दिया गया था जिससे मकान खड़ा किया गया था।
रिपोर्टर राजेंद्र अग्रवाल






